उदयपुर। शहर में बिना वैध अनुमति और बिना मान्यता प्राप्त चिकित्सक के संचालित हो रहे एक हेयर एंड स्किन क्लिनिक पर स्वास्थ्य विभाग ने बड़ी कार्रवाई की है। 181 पोर्टल पर दर्ज शिकायत के बाद जांच में गंभीर अनियमितताएं सामने आने पर द बाउंस हेयर एंड स्किन क्लिनिक को सील कर दिया गया है। साथ ही क्लिनिक संचालक के खिलाफ एफआईआर दर्ज कराने की प्रक्रिया शुरू कर दी गई है।
मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी (सीएमएचओ) डॉ. अशोक आदित्य के निर्देशन में भट्ट जी की बाड़ी स्थित क्लिनिक की जांच करवाई गई। सीएमएचओ ने बताया कि क्लिनिक में उपचार कराने के बाद पूजा राठोड़ को एलर्जी की शिकायत हुई, जिससे उपचार कर रहे व्यक्ति की चिकित्सकीय योग्यता पर संदेह हुआ। इसके बाद उन्होंने 181 पोर्टल पर शिकायत दर्ज कराई।

शिकायत के आधार पर शहर प्रभारी एवं वरिष्ठ चिकित्सक डॉ. कैलाश शर्मा, भूपालपुरा चिकित्सा प्रभारी डॉ. अंकुर शर्मा तथा पब्लिक हेल्थ मैनेजर भूपेश रावल ने मौके पर जांच की। जांच के दौरान क्लिनिक में कोई भी मान्यता प्राप्त डॉक्टर मौजूद नहीं पाया गया। साथ ही क्लिनिक का मेडिकल एस्टेब्लिशमेंट एक्ट के तहत पंजीकरण भी नहीं था।
जांच में यह भी सामने आया कि क्लिनिक के पास न तो प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड का प्रमाण पत्र था और न ही बायो मेडिकल वेस्ट निपटान से संबंधित कोई वैध अनुमति। जानकारी के अनुसार, पहले कार्यरत एक डेंटिस्ट 10 दिसंबर को ही क्लिनिक छोड़ चुका था। वर्तमान में क्लिनिक में केवल एक फार्मासिस्ट का लाइसेंस पाया गया, जिसके आधार पर दवाइयों की खरीद की जा रही थी।
इसके अलावा क्लिनिक संचालक मनोज तिवारी द्वारा सोशल मीडिया पर विज्ञापन कर आमजन को गुमराह किए जाने की भी पुष्टि हुई। मौके पर कार्रवाई करते हुए डॉ. कैलाश शर्मा ने क्लिनिक को तत्काल प्रभाव से सील कर दिया।
स्वास्थ्य विभाग ने स्पष्ट किया है कि संचालक के पास कोई भी मान्य चिकित्सकीय डिग्री नहीं है, ऐसे में उसके खिलाफ कानूनी कार्रवाई करते हुए एफआईआर दर्ज कराई जाएगी।