बांसवाड़ा जिले के मोटा गांव थाना क्षेत्र में जंगली सुअर के हमले से एक बुजुर्ग की मौत हो गई। इस दर्दनाक घटना से पूरे गांव में शोक और दहशत का माहौल है। ग्रामीणों ने वन विभाग से जंगली सुअरों के आतंक पर रोक लगाने और पीड़ित परिवार को मुआवजा देने की मांग की है।
घटना बुधवार को मोटा गांव थाना क्षेत्र के देवजी होड़ा गांव की है। मृतक की पहचान नाथिया पुत्र डेंगिया के रूप में हुई है। परिजनों के अनुसार नाथिया खेत में कृषि कार्य करने के बाद पैदल घर लौट रहे थे। इसी दौरान रास्ते में झाड़ियों से अचानक निकले जंगली सुअर ने उन पर हमला कर दिया।

ग्रामीणों के मुताबिक सुअर ने बुजुर्ग को संभलने का कोई मौका नहीं दिया। उसने पहले नाथिया को जमीन पर गिराया और फिर दोनों पैरों पर लगातार हमला कर गंभीर रूप से घायल कर दिया। हमले में पैरों पर गहरे घाव हो गए और अत्यधिक रक्तस्राव होने लगा। चीख-पुकार सुनकर आसपास के ग्रामीण लाठियां लेकर मौके पर पहुंचे, तब जाकर सुअर जंगल की ओर भागा।
गंभीर रूप से घायल नाथिया को पहले स्थानीय अस्पताल ले जाया गया, जहां से उन्हें बांसवाड़ा के महात्मा गांधी अस्पताल रेफर किया गया। वहां इलाज के दौरान बुधवार देर रात उनकी मौत हो गई।
घटना की सूचना मिलते ही गांव में शोक की लहर दौड़ गई। ग्रामीणों का कहना है कि क्षेत्र में लंबे समय से जंगली सुअरों का आतंक बना हुआ है, लेकिन अब तक कोई ठोस कार्रवाई नहीं हुई। लोगों ने प्रशासन और वन विभाग से पीड़ित परिवार को आर्थिक सहायता देने तथा जंगली सुअरों पर नियंत्रण के लिए प्रभावी कदम उठाने की मांग की है।